
Deoghar: देवघर के आर मित्रा प्लस टू उच्च विद्यालय के प्राचार्य कार्तिक प्रसाद तिवारी ने अनुमंडल पदाधिकारी को आवेदन लिखकर विद्यालय के मुख्य द्वार के दोनों ओर की चहारदिवारी को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग किया है।

ज़िला प्रशासन को लिखे पत्र में कहा है कि यह विद्यालय राज्य सरकार के फ्लैगशिप योजना अंतर्गत 80 स्कूल ऑफ एक्सेलेंस के तहत सीबीएसई सेलेबस में संचालित होने का स्वीकृति आदेश प्राप्त है। विद्यालय के प्रागंण एवं सभी कक्ष को सुसज्जित करने , बाहरी चहारदिवारी को उंचा कर वायर फेंनसिंग करते हुए उसका रंग रंग रोगन के उपरंात उस स्थानीय एवं झारखंड की लोक कला के प्रदर्शन द्वारा डेकोरेट किया जाना है।

ताकि दूर से स्कूल का आभा मंडल दिखाई पड़ सके। कहा है कि प्रशासन द्वारा बीच- बीच में विद्यालय के दिवार के सामने के भाग से अतिक्रमण मुक्त किया जाता है। लेकिन पुन: कुछ ही दिनों में अतिक्रमण कर लिया जाता है। कहा है कि सभी अतिक्रमणकारी जूता-चप्पल दुकान, कपड़ा दुकान इत्यादि के नाम पर छुपकर नशीले पदार्थों का भ विक्रय करते हैं जो आसानी से छत्रों को भी गेट पर उपलब्ध हो जाता है।
जब विद्यालय प्रशासन द्वारा अतिक्रमण मुक्त कराने का दबाव बनाया जाता है तो सभी अतिक्रमणकारी आपस में मिलकर प्राचार्य पर मनगंढत आरोप लगाते हैं कि प्राचार्य द्वारा दुकान लगाने के एवज में प्रतिमाह तीन हजार रूपये की मांग की जाती है। साथ ही यह भी दुकानदार के द्वारा धमकी दिया जाता है कि प्राचार्य को एससीएसटी के तहत मुकदमा में फंसा देगें। दुकानदारों का नेतृत्वकर्ता जूता व्यापारी शंकर दास को बताया गया है। कहा है कि चहारदीवारी का अतिक्रमण के कारण वायर फेंसिंग का कार्य नहीं हो पाया है।
कहा है कि सभी अतिक्रमणकारियों को सरकार द्वारा अन्यंत्र स्थान पर दुकान को आवंटित भी किया जा चूका है। लेकिन इसके बावजूद भी स्थान को खाली नहीं कर रहे हैं। जिससे विद्यालय में चल रहे सरकारी कार्य को वाधित करते हुए तरह- तरह का षडयंत्र कर विद्यालय कर्मियों पर भी भय एवं आतंक पैदा करते हुए छात्रों एवं विद्यालय का वातावरण दूषित करने मेंभी सभी साथ हैं। प्राचार्य ने जल्द से जल्द विद्यालय के चहारदीवारी को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की है।


