
Ranchi: झारखंड हाई कोर्ट (Jharkhand High Court) ने बैंक फ्रॉड के आरोपी व्यवसायी संजय डालमिया को जमानत दे दी है। संजय डालमिया की ओर से दायर जमानत याचिका पर झारखंड हाई कोर्ट में गुरुवार को सुनवाई हुई। हाई कोर्ट ने आरोपी को जमानत की सुविधा प्रदान कर दी।

अदालत ने संजय डालमिया की जमानत के लिए यह शर्त रखी है कि वह 85 लाख रुपये जमा करें। जमानत याचिका पर सुनवाई झारखंड हाई कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस रंगोंन मुखोपाध्याय की अदालत में हुई। हाई कोर्ट की ओर से जमानत मिलने के बाद संजय डालमिया को बड़ी राहत मिली है।

उल्लेखनीय है कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए बैंक से करोड़ों रुपये का लोन लेने और उस लोन की राशि की किस्त समय पर नहीं जमा करने के आरोपी संजय कुमार डालमिया ने अपनी जमानत के लिए अदालत में याचिका दाखिल की थी। पूर्व में जमानत पर सुनवाई के दौरान संजय डालमिया द्वारा अदालत को बताया गया कि जिस राशि के घोटाले का आरोप उसपर लगा है, वो राशि वह वापस जमा करना चाहता है। इसको आधार बनाकर उसने अदालत से जमानत दिए जाने की मांग की थी।
सुनवाई के दौरान एसीबी के अधिवक्ता ने जमानत पर कड़ी आपत्ति जताई थी। एसीबी के अधिवक्ता सूरज वर्मा ने इस शर्त पर बेल मांगे जाने पर कड़ी आपत्ति जताते हुए सुनवाई के दौरान कहा कि संजय डालमिया पर जो आरोप लगे हैं वो काफी गंभीर हैं। संजय डालमिया ने फर्ज़ी कागजात जमा कर बैंक से करोड़ो रुपये का लोन लिया है और उस लोन की राशि को चुकाने में भी आनाकानी कर रहे हैं। इसलिए उन्हें जमानत नहीं दी जानी चाहिए। इसके साथ ही एसीबी का पक्ष रख रहे वकील सूरज वर्मा ने सुप्रीम कोर्ट के कई आदेशों का हवाला देते हुए कहा कि अगर कोई आरोपी पैसा जमा करने की शर्त पर जमानत मांगता है तो उसे जमानत नहीं दी जानी चाहिए।


