
Deoghar : कर्नाटक के बीजापुर जिला साइबर क्राइम पुलिस ने 37 लाख रुपये की साइबर ठगी मामले की जांच के सिलसिले में देवघर में कार्रवाई करते हुए सारठ थाना क्षेत्र के दुंदुवाजोरी गांव निवासी चंदन दास को नगर थाना क्षेत्र के बंपास टाउन धनगौर स्थित उसके ससुराल से उठाया।

पुलिस टीम उसे नगर थाना लेकर पहुंची, जहां करीब आठ घंटे तक गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के बाद पुलिस ने चंदन दास को ठगी कांड से संबंधित नोटिस थमाकर छोड़ दिया। जानकारी के अनुसार, बीजापुर जिले के तीन लोगों से कुल 37 लाख रुपये की साइबर ठगी हुई थी।

मामले की जांच के दौरान देवघर जिले के दो साइबर आरोपितों की संलिप्तता सामने आने के बाद कर्नाटक की साइबर क्राइम पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया। इसी कड़ी में पांच सदस्यीय पुलिस टीम देवघर पहुंची और संभावित आरोपितों की तलाश शुरू की।
सूत्रों के मुताबिक, चंदन दास से मामले से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर विस्तृत पूछताछ की गई। आवश्यक जानकारी जुटाने के बाद उसे नोटिस देकर जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया गया। फिलहाल इस कार्रवाई में उसकी गिरफ्तारी नहीं की गई है।
बताया जा रहा है कि कर्नाटक पुलिस की टीम अभी भी इस मामले में एक अन्य आरोपित की तलाश में जुटी हुई है। उसके संभावित ठिकानों पर छापेमारी और पूछताछ की कार्रवाई जारी है।
पुलिस का मानना है कि मामले में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचने के लिए जांच लगातार आगे बढ़ाई जा रही है। कर्नाटक पुलिस की इस कार्रवाई से देवघर में दिनभर चर्चाओं का माहौल बना रहा।
वहीं, साइबर ठगी के अंतरराज्यीय नेटवर्क को लेकर जांच एजेंसियां लगातार सक्रिय हैं और मामले में आगे भी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।


