
Ranchi: झारखंड के पांकी विधानसभा क्षेत्र के भाजपा विधायक शशिभूषण मेहता (BJP MLA from Panki assembly constituency Shashibhushan Mehta) द्वारा मुस्लिम समुदाय को लक्ष्य कर दिए गए विवादित बयान पर सियासी हंगामा खड़ा हो गया है।

उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह कह रहे हैं कि “अगर टोपी और दाढ़ी वाले, गाय और गोश्त खाने वाले लोग मंदिरों के आस-पास भी दिख गए तो उसका अंजाम बुरा होगा। उसको दौड़ा-दौड़ा कर मारेंगे। वे धार्मिक स्थल पर दिखाई पड़ गए तो रिज़ल्ट कुछ भी हो हम उसकी परवाह नहीं करते हैं।”

शशिभूषण मेहता ने दुर्गापूजा के मौके पर पांकी विधानसभा क्षेत्र में एक विवाह मंडप के शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए समुदाय विशेष को लेकर जमकर आग उगली।
उन्होंने कहा कि हिंदुओं के धार्मिक कार्यक्रमों में ऐसे लोग शामिल होकर व्यवधान डालने की कोशिश करते हैं। वे हिंदुओं की भावनाओं को आहत करते हैं। इसे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मेहता ने कहा कि हमने विधानसभा में भी इस मुद्दे पर बात उठाई है और सड़क पर भी उठाएंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि मुसलमानों ने 3 अक्टूबर को विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल की ओर से निकाले गए जागरण रथ को डिस्टर्ब करने की कोशिश की थी।
कांग्रेस और झामुमो ने शशिभूषण मेहता के इस बयान पर जबर्दस्त विरोध दर्ज कराया है। कांग्रेस की झारखंड प्रदेश इकाई ने कहा है कि यह सांप्रदायिक सौहार्द्र को भंग करने वाला बयान है। इस बयान पर राज्य के अल्पसंख्यक आयोग ने संज्ञान लिया है। आयोग की ओर से जल्द की कार्रवाई किए जाने की उम्मीद है।
पलामू की एसपी रीष्मा रमेशन ने कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित बयान का वीडियो उनके संज्ञान में आया है। इस पर हम जांच कर रहे हैं, लेकिन इस वीडियो के संबंध में हमारे पास अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं आई है। (IANS)


