
पूजा भारती के पिता अवध बिहारी पूर्वे सीबीआई जांच के लिए रांची उच्च न्यायालय में दाखिल करेंगे याचिका
गोड्डा।

हजारीबाग मेडिकल कॉलेज की छात्रा पूजा भारती के मौत को पुलिस द्वारा आत्महत्या बताए जाने पर पिता ने इसे साजिश करार दिया है। पूजा भारती के पिता अवध बिहारी पूर्वे ने कहा कि मेडिकल कॉलेज प्रबंधन को बचाने के लिए ही पूजा की मौत को सुसाइड की ओर मोड़ा जा रहा है।

शनिवार को हजारीबाग पुलिस प्रशासन द्वारा पत्रकार सम्मेलन में कही गयी बातों से पूरी तरह असंतुष्ट हाेकर अवध बिहारी पूर्वे ने कहा कि अगर यही बात पुलिस को बोलनी थी तो हत्या के दूसरे दिन ही पुलिस कह देती कि पूजा ने आत्महत्या की है। फिर कोटा, भागलपुर, रांची, गोड्डा को केन्द्र बनाकर क्यों हाय- तौबा मचाया गया? क्यो पुलिस बार-बार बोलती रही कि पूजा की हत्या का पुख्ता सबूत पुलिस के पास है? जल्द मामले का खुलासा किया जाएगा।
पूजा के पिता का कहना है कि पुलिस के ढुलमुल रवैये के कारण पहले से लग रहा था कि पूजा की मौत का पटाक्षेप करने के लिए पुलिस के पास सुसाइड से बढ़कर और कोई नाटक हो ही नहीं सकता है। मन की बात हजारीबाग में पुलिस पदाधिकारी के पत्रकार सम्मेलन के बात आज सच भी लगने लगी। उन्होंने कहा कि बेटी को न्याय दिलाने के लिए अब उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर सीबीआई जांच के लिए आगे बढ़ने के अलावे अब कोई विकल्प भी शेष नहीं बचा है।
क्यों करेगी मेरी बेटी आत्महत्या?
पूजा के पिता अवध बिहारी पूर्वे ने कहा कि मेरी बेटी पढ़ने में तेज थी। दिए परीक्षा में अच्छा अंक लाई है। मेरे समझ में उसको किसी से प्यार- मोहब्बत का चक्कर भी नहीं था। तो वह आत्महत्या क्यों करेगी? जो बच्ची साढ़े आठ बजे अपनी मां से परीक्षा देने जाने की बात करती हो। 10 बजे मेडिकल कॉलेज के शिक्षक उसे एप्रोन पहने परीक्षा देने जाते देखा हो। और फिर बच्ची का लापता होने की बात भी हमारे द्वारा खोजने के बाद बताया जाता हो। इससे साफ पता चलता है कि पूजा को कॉलेज के अंदर की मारकर वहीं की रस्सी से बांधकर फेंक दिया गया है।
मोबाइल के जमाने में कौन लिखता है पत्र
पिता का कहना है कि पुलिस द्वारा प्रेम पत्र की बात कहकर मामले को भटकाने की कोशिश भी की जा रही है। सवाल उठाया है कि मोबाइल के जमाने में कौन किसको कागज पर पत्र लिखता है? यह तो कोई भी बता सकता है। सीसीटीवी फुटेज की बात पुलिस करती है तो वह फुटेज दिखाया जाए कि किस बस पर पूजा चढ़कर रांची की ओर गई है।
क्या हजारीबाग झील दूर था?
पुलिस कह रही है कि पूजा ने अपने से हाथ- पैर बांधा। अगर इसे भी सही मान लिया जाय तो पूजा को पानी में छलांग लगाने के लिए तो कैंपस के पास ही बड़ा तालाब या हजारीबाग झील भी था। अवध बिहारी ने कहा कि पुलिस किसी को बचाने के लिए काल्पनिक दीवार खड़ी कर रही है। सीबीआई जांच में कॉलेज के प्राचार्य , वार्डन सहित अन्य को नामजद पार्टी बनाकर न्यायालय में मामला दर्ज किया जाएगा।
गौरतलब है कि रामगढ़ जिले के पतरातू डैम क्षेत्र में 12 जनवरी की सुबह गोड्डा की रहने वाली हजारीबाग मेडिकल कॉलेज की छात्रा का शव बरामद किया गया था। मृतका का पैर और हाथ रस्सी से बंधा हुआ था। आशंका व्यक्त की जा रही थी कि युवती की हत्या कर शव को डैम में फेंका गया है। लेकिन, पुलिस का कहना है कि छात्रा ने आत्महत्या की थी।



