
Ranchi: झारखंड हाई कोर्ट (Jharkhand High Court) ने बुधवार को देवघर सिविल कोर्ट के नजदीक वकालत खाना के बाहर हुए गोलीकांड पर स्वतः संज्ञान लिया है। देवघर के प्रधान जिला सत्र न्यायाधीश के पत्र को आधार बनाते हुए अदालत ने संज्ञान को जनहित याचिका में तब्दील किया है।
Deoghar Civil Court की सुरक्षा ऑडिट कराने का आदेश

हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश डॉ रविरंजन ने राज्य सरकार से इस मामले में जवाब मांगा है। साथ ही अदालत ने देवघर सिविल कोर्ट की सुरक्षा ऑडिट कराने का आदेश भी दिया है। मामले में मुख्य न्यायाधीश डॉ रविरंजन ने सुरक्षा मामले में गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि सूबे में सुरक्षा व्यवस्था लचर है। रोज़ हो रही है हत्याएं, हथौड़े से मासूमों की हत्या मामले का भी ज़िक्र, राज्य सरकार क़ानून व्यवस्था लागू करने में विफल है। अदालत इस मामले पर आठ जुलाई को सुनवाई करेगा।

गौरतलब है कि गत शनिवार को देवघर के सिविल कोर्ट में पेशी के लिए आये आजीवन कारावास की सजा काट रहे युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। युवक को तीन गोली मारी गयी थी। गोली युवक के सिर और छाती में लगी थी। मृतक की पहचान कुख्यात अमित कुमार सिंह के रूप में हुई थी, जो बिहटा का रहने वाला था। वह चंचल कोठारी अपहरण मामले में कोर्ट में पेश होने आया था। पेशी के दौरान मृतक के साथ सुरक्षाबल भी मौजूद थे। अपराधियों ने उसके कोर्ट से निकलने के बाद वकालत खाना के बाहर वकील के केबिन में घटना को अंजाम दिया।


