कोनार्की: पश्चिम अफ्रीकी देश गिनी में रविवार को सेना ने तख्तापलट कर दिया। सत्ता संभालने की घोषणा सरकारी टेलीविजन पर करते हुए सेना के कर्नल ने कहा कि राष्ट्रपति अल्फा कोंडे की सरकार भंग हो गई है और देश की सीमाओं से हर तरह का आवागमन बंद कर दिया गया है। इससे पहले कई घंटे तक राष्ट्रपति के महल के नजदीक गोलीबारी हुई। गिनी में सैन्य तख्तापलट पहले भी होता रहा है।

इस बीच देश के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि तख्तापलट का प्रयास विफल कर दिया गया है। गिनी का राष्ट्रध्वज लपेटकर टेलीविजन पर आए कर्नल ममाडी डौमबौया ने कहा कि सैनिक का कर्तव्य देश की रक्षा करना है। सेना वही कार्य कर रही है।

कर्नल ने जिस समय यह लिखित वक्तव्य पढ़ा, उस समय छह सैनिक खड़े थे। कर्नल ने राष्ट्रपति कोंडे के बारे में कुछ नहीं कहा। महल के नजदीक हुई गोलीबारी के बाद 83 वर्षीय कोंडे कहां और किस दशा में हैं, इसका पता नहीं चल रहा है।
देश में कोंडे की लोकप्रियता तब से कम होने लगी थी, जब से वह राष्ट्रपति पद के तीसरे कार्यकाल की इच्छा जताने लगे थे। कोंडे कहते थे कि राष्ट्रपति के तौर पर उनके लिए कोई समय सीमा नहीं होनी चाहिए।
कर्नल डौमबौया ने कहा कि राजनीति को स्वकेंद्रित करने का समय खत्म हुआ। राजनीति में हम एक आदमी पर भरोसा नहीं कर सकते। हमें जनहित में कदम उठाने हैं। कर्नल ने कहा कि देश का संविधान निष्प्रभावी हो गया है और सीमाएं भी एक सप्ताह के लिए बंद कर दी गई हैं।
कर्नल डौमबौया के पास अभी तक सेना की स्पेशल यूनिट का जिम्मा था।
इन्हें भी पढ़ें:
- न्याय का मतलब सिर्फ अदालत पहुंचना नहीं, आम आदमी को उसके अधिकारों का लाभ दिलाना भी है : CJI
- झारखंड की प्रोजेक्ट शिशु जैसी योजनाएं पूरे देश में लागू करने की जरूरत : CJI सूर्यकांत
- Begusarai: रिश्वत लेते हुए ASI गिरफ्तार
- देवघर सदर अस्पताल से प्रसूता का मोबाइल चोरी, खाते से उड़ा लिए रुपये
- एनसीपी प्रमुख शरद पवार की बिगड़ी तबियत, पुणे के अस्पताल में भर्ती



