
Chandigarh : पंजाब के इतिहास में प्रथम बार कोई दलित नेता मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने जा रहा है। आज सुबह 11 बजे राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित चरणजीत सिंह चन्नी (Charanjit singh channi) को मुख्यमंत्री पद और गोपनीयता की शपथ दिलायेंगे।

आज सुबह चन्नी अपने गृह क्षेत्र चमकौर साहिब के गुरुद्वारा साहिब गए और माथा टेका। उनके साथ उनके परिवार के सदस्य भी थे। 58 वर्षीय चन्नी को कल कांग्रेस विधायक दल ने सर्वसम्मति से नेता चुन लिया था।

कैप्टन अमरेंद्र सिंह के मुख्यमंत्री पद से त्यागपत्र देने उपरांत ये पद रिक्त हुआ था। दिलचस्प बात ये भी थी कि मंत्री के रूप में चन्नी का सरकारी निवास मुख्यमंत्री निवास से एकदम सटा हुआ था, बस एक दीवार का फासला था। कैप्टन सरकार में चन्नी तकनीकी शिक्षा मंत्री थे।
उल्लेखनीय है कि पंजाब विधानसभा चुनाव के महज पांच महीने बाकी हैं। पंजाब कांग्रेस में चली बगावत के बाद पंजाब में मुख्यमंत्री की तब्दीली हुई है।
चन्नी ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत नगर कौंसिल, खरड़ के कौंसलर के रूप में की थी। वर्ष 1992 में वे नगर कौंसिल के प्रधान भी बने। वर्ष 2007 में वे प्रथम बार विधानसभा क्षेत्र श्री चमकौर साहिब से स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़कर जीते, फिर 2012 में कांग्रेस के टिकट से विधायक बने और अब 2017 में तीसरी बार विधायक बने। उन्हें राहुल गाँधी का करीबी माना जाता है।


