
Deoghar: जसीडीह स्टेशन के विकास के लिए हेमंत सोरेन का पैर पकड़ने को भी तैयार हूँ। उनसे निवेदन करता हूँ कि हमारी व्यक्तिगत राजनीति मतभेद का असर झारखंड के विकास पर नहीं होने दीजिये। ये बातें कही गोड्डा लोकसभा के सांसद डॉ. निशिकांत दुबे ने। मौका था नवाडीह रेल ओवर ब्रिज के उद्घाटन कार्यक्रम का।

आरओबी उद्घाटन के मौके पर सांसद निशिकांत ने कहा कि देवघर के विकास की उन्होंने जो परिकल्पना की थी उस दिशा में काफी काम हुआ है। प्रधानमंत्री मोदी जी ने झोला भरकर यहां के विकास के लिए राशि दी है।

सांसद ने कहा कि जसीडीह स्टेशन भारत में बन रहे 50 अमृत भारत स्टेशन में शामिल है। इसके लिए यहां 400 से 500 करोड़ खर्च किया जाना है। लेकिन पहले दूसरा इंट्री के लिए जगह चाहिए।
उन्होंने कहा कि जसीडीह स्टेशन के विकास के लिए दूसरा इंट्री प्वाइंट जरूरी है। उन्होंने कहा कि 2017 में उन्होंने केन्द्र सरकार से आग्रह कर इसके लिए 70 करोड़ रुपया लिया था। दूसरा इंट्री पॉइंट के कार्य के लिए राज्य सरकार से आठ एकड़ जमीन की जरूरत है। लेकिन राज्य सरकार एक एकड़ जमीन के बदले 60 करोड़ रुपया मांग रही है। ऐसे में करीब 500 करोड़ तो सिर्फ जमीन में चला जाएगा।
सांसद निशिकांत ने कहा कि जसीडीह स्टेशन के विकास में जमीन के लिए वो मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पैर पकड़ने तक को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि मैं पैर पकड़ कर हेमंत सोरेन से आग्रह कर रहा कि वो रेलवे को जमीन उपलब्ध कराएं।
सांसद ने कहा कि जसीडीह स्टेशन के विकास का असर क्षेत्र के विकास पर पड़ेगा। इस स्टेशन पर देश विदेश से लोग आते हैं। श्रावणी मेला के दौरान एक माह में लाखों लोग आते हैं। उनकी सुविधा के लिए दूसरा इंट्री गेट व जसीडीह स्टेशन का विकास आवश्यक है।


