
Dumka: दुमका में भारी तनाव और कड़ी सुरक्षा के बीच नम आँखों के साथ अंतिम संस्कार के लिए अंकिता की शवयात्रा निकाली गई। हालात के मद्देनजर मृतका के घर ज़रूवाडीह में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई थी। मोहल्ले और आस-पड़ोस के लोगों को छोड़कर किसी को भी वहां जाने की इजाज़त नहीं दी गई।

बीते 23 अगस्त को इकतरफ़ा प्यार में सनकी ज़रूवाडीह का ही रहने वाले शाहरुख ने अंकिता के ऊपर पेट्रोल छिड़क कर उसे आग के हवाले कर दिया था। जिंदगी जीने के लिए मौत से जंग लड़ रही अंकिता ने शनिवार की देर रात रिम्स रांची में दम तोड़ दिया। जिसके बाद दुमका सहित पूरा झारखंड न सिर्फ ग़मगीन हुआ बल्कि अंकिता को मौत के मुंह में धकेलने वाले के खिलाफ लोगों में आक्रोश तेज हो गया। दुमका में लोग सड़क पर उतर गए। अंकिता सिंह के हत्यारे को फांसी की सजा दिलाने की मांग करने को लेकर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने आंदोलन तेज करने की बात कही है। जिसके बाद कड़ी सुरक्षा व धारा 144 लागू कर दिया गया।
अफसरों की देखरेख में अंतिम संस्कार


अंतिम यात्रा सोमवार सुबह जरुआडीह स्थित अंकिता के घर से निकली। आखिरी सफर में हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। अंकिता को दादा अनिल सिंह ने मुखाग्नि दी। जिले के डिप्टी डेवलपमेंट कमिश्नर कर्ण सत्यार्थी, एसडीएम महेश्वर महतो पूरे समय नजर बनाए रखे हुए हैं। कोई अप्रिय घटना न हो, इसके लिए सैकड़ों की संख्या में महिला और पुलिस बल तैनात किए गए हैं। घटना के विरोध में विभिन्न सामाजिक संगठनों ने दुमका बंद बुलाया है।
तमाम सामाजिक और राजनीतिक संगठनों ने जताया दुःख
अंकिता के साथ अंजाम दिए गए दर्दनाक वाक्ये और इलाज के दौरान हुई मौत के बाद राज्य भर में माहौल गमगीन हो गया। राज्य के तमाम सामाजिक और राजनीतिक संगठनों ने घटना पर दुःख जताते हुए आरोपी को सख़्त सज़ा दिलाने की मांग की।

दादी ने कहा- छीन ली घर की खुशियां
अंकिता की दादी ने कहा कहा कि, आरोपी ने सिर्फ उनकी पोती की जान ही नहीं ली बल्कि, घर की खुशियां भी छीन ली। दादी ने बतलाया कि, मोहल्ले के ही रहने वाला आरोपी शाहरुख लगातार अंकिता को परेशान कर रहा था। वह अंकिता से दोस्ती करना चाहता था । लेकिन, अंकिता उससे बात नहीं करना चाहती थी। इस बीच आरोपी ने अंकिता की सहेली से मोबाइल नम्बर हासिल किया और बात नहीं मानने की सूरत में जान से मार देने की धमकी भी दी थी।
बेहद हंसमुख थी अंकिता, दर्दनाक है डाइंग डिक्लियरेशन में दर्ज दास्तान
दुमका के ज़रूवाडीह में इकतरफ़ा प्यार में पागल सनकी शाहरुख की सनक का शिकार हुई अंकिता की उम्र महज 17 साल की थी। मोहल्ले वाले बताते हैं कि, अंकिता बेहद ही हँसमुख और मिलनसार लड़की थी। रांची के रिम्स में जिंदगी और मौत की जंग में लड़ते-लड़ते दम तोड़ने से पहले अंकिता ने पुलिस के सामने उसके साथ अंजाम दिए गए हर उस जुल्म की दास्तान कलमबद्ध कराई है जो उस सनकी शाहरुख को ताउम्र सलाखों में कैद करने के लिए काफी है। पुलिस के मुताबिक, अंकिता का डाइंग डिक्लियरेशन बेहद दर्दनाक है। अस्पताल में भर्ती अंकिता ने मौत से कुछ ही घंटों पहले अपने साथ हुई बर्बरता की पूरी कहानी बयां की थी। उसने बताया कि घटना 23 अगस्त की सुबह पांच बजे के आसपास की है। मैं अपने कमरे में सो रही थी, अचानक कमरे की खिड़की के पास आग की लपटें देखकर मैं डर गई। जब मैंने खिड़की खोली तब देखा कि मोहल्ले का शाहरुख हुसैन हाथ में पेट्रोल का कैन लिए मेरे घर की तरफ से भाग रहा था। तब तक आग मेरे शरीर में भी लग चुकी थी और मुझे काफी जलन सी महसूस हो रही थी।
10-15 दिन से परेशान कर रहा था, स्कूल और ट्यूशन जाते समय करता था पीछा
अंकिता ने बताया, ‘मैं सिर्फ यही देख पाई कि ब्लू टीशर्ट पहने, हाथ में पेट्रोल की कैन लिए शाहरुख भाग रहा था। ये वही शाहरुख था जो पिछले 10-15 दिन से मुझे परेशान कर रहा था। मोहल्ले में उसे आवारा किस्म के लड़के के रूप में सब जानते थे। उसका काम सिर्फ लड़कियों को परेशान करना और उन्हें अपने झांसे में लेकर इधर-उधर घुमाना था। अंकिता ने मौत से पहले के अपने बयान में कहा कि पिछले दस-पंद्रह दिन से वह मेरा पीछा कर रहा था। जब भी मैं स्कूल या ट्यूशन के लिए जाती, वह मेरा पीछा करता। हालांकि, मैंने कभी उसकी हरकतों को सीरियसली नहीं लिया, लेकिन उसने कहीं से मेरे मोबाइल का नम्बर जुगाड़ लिया था। उसके बाद अक्सर मुझे फोन करके मुझसे दोस्ती करने का दबाव बनाने लगा।
22 अगस्त की रात शाहरुख़ ने दी थी धमकी
अंकिता के मुताबिक, शाहरुख ने धमकी भी दी थी कि अगर मैं उसकी बात नहीं मानूंगी तो वह मुझे और मेरे परिवार वालों को मार देगा। मुझे उसकी हरकतों का अंदेशा तो था, लेकिन यह नहीं समझ पाई कि मेरे साथ ऐसा होगा। 22 अगस्त की रात उसने मुझे धमकी दी थी कि अगर मैं उसकी बात नहीं मानूंगी तो वह मुझे मारेगा। मैंने पापा को यह बात बताई तो उन्होंने कहा कि सुबह होने के बाद इस मामले का हल निकाला जाएगा। कोई इस समस्या का हल निकल पाता 23 अगस्त की सुबह शाहरुख ने पेट्रोल छिड़ककर मुझे जला डाला।
चेहरे पर जरा भी अफ़सोस नहीं, मुस्कुराता नज़र आया कातिल

अंकिता को आग के हवाले कर मौत के मुंह मे धकेलने वाला जल्लाद सनकी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है। लेकिन, उसके चेहरे पर ज़रा भी शिकन नज़र नहीं आई। पुलिस की गिरफ्त में आरोपी मासूम अंकिता की मौत पर अफसोस की जगह मुस्कुराता हुआ नजर आया। उसकी बेशर्मी की तस्वीर सामने आने के बाद लोगों का गुस्सा और भड़क गया जिसके बाद दुमका में हालात खराब होने लगे।
दुमका एसपी खुद रख रहे हालात पर नजर
अंकिता की मौत के बाद दुमका में हालात बेहद खराब और तनावपूर्ण हो गया। जिसके बाद जिले के एसपी अंबर लकड़ा खुद सड़क पर उतर कर हालात का जायजा ले रहे हैं। रविवार पूरे दिन दुमका में आरोपी को फांसी दिलाने की मांग पर हंगामा होता रहा। जिले के एसडीएम ने हालात पर काबू पाने के लिए धारा 144 लागू कर दिया। इस बीच बीजेपी समेत तमाम हिदू संगठनों की तरफ से बयानबाजी और प्रदर्शन का दौर भी जारी है। जिले के एसपी बताते हैं कि, ” 23 तारीख को जब घटना हुई थी उसी दिन आरोपी शाहरुख को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। इस संबंध में जितना ठोस साक्ष्य हम लोग को मिला है और डाईंग डिक्लेरेशन के साथ साथ जितना एविडेंस है उनका कलेक्शन करके हमारा मकसद रहेगा कि आरोपी को कैपिटल पनिशमेंट जैसे फांसी की सजा दिलाई जा सके। पीड़िता के परिवार को सरकार की तरफ से जो मुआवजा देय होगा वह मिलेगा।”
फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा मामला
एसपी ने कहा कि, “हमने कोर्ट में रिक्विजिशन भी डाल रखा है। फास्ट ट्रैक कोर्ट में मामले की सुनवाई होगी। इस कांड में भी जल्द से जल्द न्याय मिलेगा ।चुकी फास्ट ट्रैक कोर्ट में नॉर्मल कोर्ट की तरह विचारण नहीं होता बल्कि अलग से विचारण होता है । फ़ास्ट कोर्ट में साक्ष्य को संकलित कर त्वरित न्याय किया जाता है ।
सो रही थी अंकिता, तब सनकी युवक ने दिया घटना को अंजाम
बीते 23 अगस्त को इकतरफ़ा प्यार में सनकी ज़रूवाडीह का ही रहने वाले शाहरुख ने अंकिता के ऊपर पेट्रोल छिड़क कर आग के हवाले कर दिया। जिस वक्त सनकी ने इस घटना को अंजाम दिया उसवक्त अंकिता अपने कमरे में सो रही थी और शाहरुख ने खिड़की के बाहर से पेट्रोल छिड़का था। इस घटना में अंकिता का शरीर 45 फीसदी झुलस गया था। लिहाजा, परिजनों ने उसे दुमका के फूलों झानो मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया ।लेकिन, बेहतर इलाज के लिए अंकिता को रांची रिम्स रेफर कर दिया गया। रांची रिम्स में इलाज के दौरान शनिवार की देर रात अंकिता की मौत हो गई।



