
Deoghar Court News : बहुचर्चित सामूहिक बलात्कार एवं पॉक्सो अपराध से जुड़े मामले में गहन सुनवाई पूरी होने के बाद देवघर के न्यायालय ने दो अभियुक्तों को कड़ी सज़ा से दंडित किया है।

यह निर्णय देवघर व्यवहार न्यायालय के अंतर्गत अपर सत्र न्यायाधीश न्यायालय-III –सह–पॉक्सो मामलों के विशेष न्यायाधीश आर के सिन्हा द्वारा दिया गया। भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 70(2) के तहत जसीडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत कोल्हाबाद, जसीडीह के निवासी कुमोद कुमार मंडल तथा सुमन कुमार राउत (जसीडीह अंतर्गत रोहिणी ग्राम निवासी) को सश्रम आजीवन कारावास एवं ₹20,000 के जुर्माने से दंडित किया गया है।

जुर्माना अदा न करने की स्थिति में प्रत्येक अभियुक्त को तीन वर्ष अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसी अपराध में न्यायालय ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(2)(m) के अंतर्गत भी दोनों को दोषी ठहराया तथा 10 वर्ष सश्रम कैद एवं ₹10,000 अतिरिक्त जुर्माना लगाया। निर्णय के अनुसार दोनों सजाएं साथ साथ चलेंगी।
अभियोजन के अनुसार 6 दिसंबर 2023 को 12वीं कक्षा की एक नाबालिग छात्रा ट्यूशन से लौट रही थी। रास्ते में रोहिणी पार्क के समीप अभियुक्तों ने उसे पार्क परिसर में ले जाकर सामूहिक दुष्कर्म किया। पीड़िता ने बाद में एक शिशु को जन्म दिया, जिसकी प्रसव के दौरान असामयिक मृत्यु हो गई।
घटना के संदर्भ में जसीडीह थाना में कांड संख्या 245/2024 के रूप में भारतीय न्याय संहिता की धारा 70(2), 64(2)(एम), 89 बी एन एस तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 6 के तहत प्रथमिकी दर्ज की गई।
प्राथमिकी में कुल चार अभियुक्त नामजद किए गए थे, जिनमें से एक आरोपी करण कुमार रवानी फरार घोषित है तथा एक अन्य आरोपी लव कुमार राउत के प्रकरण को विचारण हेतु किशोर न्यायालय (जुबेनाइल कोर्ट) में स्थानांतरित किया गया है।
अभियोजन पक्ष द्वारा कुल सात गवाहों को प्रस्तुत कर घटना, परिस्थितियों एवं तथ्यों को प्रमाण के रूप में रखा गया। बचाव एवं अभियोजन पक्ष की जोरदार दलीलें, परीक्षण–प्रतिपरीक्षण एवं साक्ष्यों के सूक्ष्म मूल्यांकन के बाद अपर सत्र न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों को दोषी ठहराते हुए उक्त सज़ा सुनाई।
यह निर्णय अपराध की गंभीरता, पीड़िता की नाबालिग अवस्था एवं उसके दुष्परिणामों को ध्यान में रखकर दिया गया।


