
Deoghar: नालसा एवं झालसा के निर्देश अनुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा जनहित में कई प्रकार के विशेष जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं उपरोक्त जानकारी जिला विधिक सेवा प्राधिकार देवघर के अध्यक्ष सह प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अशोक कुमार ने जानकारी देते हुए बताई।

उन्होंने जिला विधिक सेवा प्राधिकार के तत्वावधान में चलाई जाने जा रहे विभिन्न सामाजिक कल्याण, विधिक साक्षरता और जनजागरूकता अभियानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आगामी गतिविधियों की रूपरेखा तैयार की गई है एवं संबंधित विभागों से समन्वय स्थापित कर कार्यों के क्रियान्वयन पर बल दिया गया है।

उन्होंने बताया कि नालसा की “डाउन” योजना के तहत नशा मुक्त भारत अभियान हेतु जिला प्रशासन के सहयोग से नशा जागरूकता एवं पुनर्वास कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं, जबकि “आशा” योजना के अंतर्गत बाल विवाह की रोकथाम और इसके लिए एक काउंसलर की नियुक्ति पर विचार किया गया है।
“संवाद” कार्यक्रम के तहत आदिवासी, वंचित एवं विमुक्त/घुमंतू जनजातियों के अधिकारों की सुरक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, वित्तीय समावेशन, कानूनी साक्षरता तथा डायन प्रथा उन्मूलन और मानव तस्करी की रोकथाम जैसे विषयों पर विशेष अभियान चलाने की योजना बनाई गई है। “जागृति” अभियान के माध्यम से न्याय, सूचना और पारदर्शिता को जमीनी स्तर तक पहुँचाने के लिए पोस्टर, बैनर, लोक नाटक, कठपुतली शो, ग्राम सभा बैठकों और विद्यालयों में चित्रकला प्रदर्शन जैसे माध्यमों से जागरूकता फैलाने की रणनीति बनाई गई है।
पीडीजे ने बताया कि “जागृति” योजना के अंतर्गत अब तक 61 बच्चों की पहचान की गई जिन्हें आधार कार्ड नहीं मिला था और उनके आधार बनाने की प्रक्रिया प्रगति पर है।
पीडीजे ने बताया कि “राष्ट्र के लिए मध्यस्थता” अभियान के अंतर्गत 1 जुलाई से 30 सितंबर 2025 तक 90 दिवसीय विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है। प्रथम चरण में 1 महीने का मध्यस्थ अभियान होगा जिसमें सुलहनीय आपराधिक वाद, सिविल वाद, एन आई एक्ट से संबंधित वाद, कुटुम्ब विवाद से संबंधित वाद, क्लेम केसेस, भू अर्जन से संबंधित वाद,बंटवारा वाद आदि का निष्पादन उभय पक्षीय मध्यस्थता वार्ता के आधार पर किया जाएगा।
पीडीजे ने बताया कि इसके लिए सभी न्यायालयों को निर्देश दिया गया है एवं पक्षकारों को सूचित किया जा रहा है तथा मध्यस्थता अभियान जारी है, ताकि अधिक से अधिक वादों का निष्पादन मध्यस्थता के माध्यम से किया जा सके। उन्होंने बताया कि आगामी श्रावणी मेला 2025 के दौरान शिवलोक परिसर में विधिक जागरूकता हेतु आकर्षक स्टाॅल स्थापित किया जाएगा।
मौके पर जिला विधिक सेवा प्राधिकारी के सचिव- सह- न्यायिक पदाधिकारी संदीप निशित बारा भी उपस्थित थे।


