
Deoghar: हिंदी विद्यापीठ देवघर में शुक्रवार को झारखंड के राज्यपाल रमेश बैस ने इग्नू अध्ययन केन्द्र का उद्घाटन दीप प्रज्वलीत कर किया। उद्घाटन का कार्यक्रम का आयोजन तक्षशिला विद्यापीठ के ऑडिटेरियम हॉल में किया गया। मौके पर हिंदी विद्यापीठ के अध्यक्ष कृष्णानन्द झा, विधायक नारायण दास, हिंदी विद्यापीठ की कुलपति प्रो प्रमोदनी हांसदा, इग्नू के क्षेत्रीय निदेशक अरविन्द मनोज कुमार, सरोज मिश्रा, डीसी मंजूनाथ भंजत्री, एसपी सुभाषचन्द्र जाट सहित शहर के कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।

कृष्णानन्द झा ने राज्यपाल को पुष्पगुच्छ एवं सॉल ओढ़ा कर स्वागत किया। मौके पर राज्यपाल रमेश बैस ने कहा कि विश्व प्रसिद्ध धर्मिक स्थल बाबा नगरी में स्थित हिंदी विद्यापीठ में इग्नू अध्ययन केन्द्र का उद्घाटन करने का मौका मिला बड़ा ही हर्ष हो रहा है। उन्होंने देवघर में अलग ही शिक्षा के क्षेत्र में अलख जगाने वाले कृष्णानन्द झा की भूरी-भूरी प्रशंसा की।

राज्यपाल ने कहा कि यहां इग्नू अध्ययन केन्द्र स्थापित होने से देवघर ही नहीं पूरे संथाल के विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा। कहा कि यह इग्नू शिक्षा के क्षेत्र में जुगूनु का कार्य कर रहा है। वैसे लोग जो किसी परिस्थिति वश शिक्षा पूरी नहीं कर पाते है कुछ दिन बाद दूबारा पढ़ाई करना चाहते हैं उनके लिये इग्नू ही एक एैसा शिक्षा का केन्द्र है।
इग्नू अध्ययन केन्द्र की शुरूआत होने से विद्यार्थियों को मिलेगा मौका- केएन झा
हिन्दी विद्यापीठ के अध्यक्ष केएन झा ने कहा कि यहां इग्नू का केन्द्र स्थापना होने से विद्यार्थियों को शिक्षा ग्रहण करने के कई मौके मिलेगंे। कहा कि 1932 में यहां हिंदी विद्यापीठ की स्थापाना हुई थी। यह स्वतंत्रता आंदोलन का केन्द्र था। राजेन्द्र बाबू यहां के आजीवन कुलाधिपति थे। यहां समय- समय पर हिंदी भाषी लेखक और कवि आया करते थे। जिसमें रामधारी सिंह दिनकर, कर्ण सिंह सहित कई के शिक्षाविद के नाम शामिल हैं। कहा कि इग्नू केन्द्र खुलने से संथालपरगना सहित गिरिडीह जिला के विद्यार्थियों को भी फायदा पहुंचेगा।
कृष्णा बाबू की छवि से हमें सिखने की जरूरत- विधायक
देवघर विधायक नारायण दास ले कहा कि देवघर में कृष्णानन्द झा ने जो शिक्षा के क्षेत्र में अलख जगाया है उससे हमें आज सिख लेने की जरूरत है। कहा कि पहले हिंदी विद्यापीठ उसके बाद तक्षशिला विद्यापीठ अब इग्नू का अध्ययन केन्द्र की शुरूआत करना। कहा कि शिक्षा से ही आज दुनिया आगे बढ़ रही है।


