
Ranchi: सीसीएल (CCL) के नॉर्थ कर्णपुरा एरिया (North Karnpura) अंतर्गत केडीएच प्रोजेक्ट के करकट्टा स्थित बंद पड़ी अंडरग्राउंड कोयला खदान में भयंकर आग लग गई है। बुधवार दोपहर से इस खदान से आग की ऊंची लपटों के साथ-साथ धुएं का गुबार उठ रहा है। धुआं करकट्टा, विश्रामपुर एवं आस-पास के इलाकों की आवासीय कॉलोनियों में भी फैल रहा है, इससे लोग परेशान हैं। कर्णपुरा-देवलखांड-हेसालौंग (KDH) स्थित यह कोयला खदान पहले आउटसोसिर्ंग कंपनी द्वारा चलायी जाती थी। बाद में खनन विस्तार के लिए जमीन न मिलने की वजह से लगभग दो साल पहले इसे बंद कर दिया गया।

इसके बाद यहां अवैध तरीके से माइनिंग के कई मुहाने खुल गये। एक हफ्ता पहले सीसीएल के सुरक्षा विभाग और पुलिस ने अवैध माइनिंग के कई मुहानों की डोजरिंग कर उन्हें बंद कराया था। अब उन्हीं जगहों पर आग लग गई है। स्थानीय ग्रामीणों की मानें तो आउटसोसिर्ंग कंपनी ने काम बंद करने के बाद खदानों को उसी हाल में छोड़ दिया, जबकि कायदे से सुरक्षित तरीके से डोजरिंग कर इसे बंद किया जाना चाहिए था।

खदान बंद होने के बाद यहां अवैध तरीके से माइनिंग का बदस्तूर सिलसिला शुरू हो गया। सीसीएल प्रबंधन ने कई बार इसे रोकने के लिए कार्रवाई की, लेकिन देखते-देखते कोयला खनन के लिए दर्जनों सुरंगें बना दी गईं। ऐसी सुरंगे अक्सर हादसों का कारण बनती रही हैं।
बताया जा रहा है कि खदान के अंदर मिथेन गैस का रिसाव होने से आग लगातार तेज होती जा रही है। सीसीएल प्रबंधन को भी इसकी जानकारी मिल गई है। खबर लिखे जाने तक आग पर काबू पाने के लिए कोई कार्रवाई शुरू नहीं हो पाई है।(IANS)
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