नई दिल्ली ।

सुप्रीम कोर्ट ने NEET-JEE परीक्षा कराने को हरी झंडी दे दी है।

जस्टिस अरुण मिश्रा की पीठ ने मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा JEE Mains को स्थगित करने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया. याचिका खारिज करते हुए सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने कहा कि क्या देश में सब कुछ रोक दिया जाए? एक कीमती साल को यूं ही बर्बाद हो जाने दिया जाए?

बता दें कि जेईई परीक्षा 1 सितंबर से 6 सितंबर तक आयोजित की जानी है. वहीं नीट परीक्षा 13 सितंबर को आयोजित करने की योजना है. इस परीक्षा को स्थगित करने की मांग को लेकर 11 राज्यों के 11 छात्रों ने ये परीक्षाएं स्थगित करने के अनुरोध के साथ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी.
याचिका में कोविड-19 संक्रमण के बढ़ते मामलों के चलते सिंतबर में प्रस्तावित JEE Mains और NEET UG परीक्षाओं को टालने की मांग की गई थी. याचिका में कोरोना वायरस महामारी का जिक्र करते हुए राष्ट्रीय परीक्षा एजेन्सी (एनटीए) की तीन जुलाई की नोटिस रद्द करने का अनुरोध किया गया था. इस नोटिस के माध्यम से ही एनटीए ने संयुक्त प्रवेश परीक्षा (जेईई) मुख्य, अप्रैल, 2020 और राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) सितंबर में कराने का निर्णय लिया है. याचिका में प्राधिकारियों को सामान्य स्थिति बहाल होने के बाद ही इन परीक्षाओं को आयोजित करने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया था.
इस परीक्षा को स्थगित कराने की मांग पिछले महीने से चल रही है. जुलाई के पहले सप्ताह में देश भर के छात्रों ने सोशल मीडिया पर #rip nta से मुहिम चलाई थी. छात्रों का तर्क है कि ऐसे कठिन समय पर जब महामारी चरम पर है, ऐसी परीक्षा आयोजित होने पर उनके स्वास्थ्य पर गलत असर पड़ने पर इसका जवाब कौन देगा.
इस बारे में एनटीए ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि NEET परीक्षा का आयोजन सोशल डिस्टेंसिंग का नियम पालन कर किया जाएगा. इसलिए परीक्षा केंद्रों की संख्या दोगुनी की जा रही है. छात्रों के स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए और कोविड 19 महामारी के सभी प्रोटोकॉल फॉलो करते हुए ये परीक्षा आयोजित की जाएगी.
बता दें कि NEET 2020 के लिए कुल 15,93,452 लाख उम्मीदवारों ने आवेदन किया है.


