रांची:

भाजपा डोरंडा मंडल अनुसूचित जाति के अध्यक्ष धीरज राम हत्याकांड का पुलिस ने 48 घंटे के अंदर खुलासा करते हुए हत्या में शामिल चार आरोपियो को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार अपराधियो के पास से पुलिस ने दो पिस्टल और एक दर्जन कारतूस बरामद किया है।


छेड़खानी का विरोध करने पर हुई हत्या:

रांची एसएसपी ने बताया कि धीरज की हत्या मोहल्ले के ही एक लड़की के साथ हुई छेड़खानी का विरोध करने के वजह से की गई थी। धीरज राम की छवि मोहल्ले में एक सामाजिक व्यक्ति के रूप में थी। मोहल्ले में ही रहने वाले अपराधी किस्म के युवक मो अली ,मो आरिफ ,मो सलमान उर्फ शाहबाज और मो चांद अंसारी अक्सर नशे में लड़कियों के साथ छेड़खानी किया करते थे। एक दिन धीरज राम के सामने ही शाहबाज और उसके दोस्तों ने एक लड़की के साथ छेड़खानी करनी शुरू कर दी थी. मौके पर मौजूद धीरज राम ने लड़की को बचाने के क्रम में शहबाज की पिटाई भी की। इस घटना के बाद शहबाज धीरज राम को मारने की साजिश में लग गए। सभी अपराधियो को पता था कि धीरज राम अहले सुबह अपने काम के लिए निकलते है। इसी का फायदा उठा कर चारो ने गोली मार कर उनकी हत्या कर दी।
टेक्निकल सेल की मदद से पकड़े गए अपराधी:
हत्या के बाद मामले की तफ्तीश में जुटी पुलिस को शहबाज और धीरज राम के बीच हुई मारपीट की जानकारी मिली। पुलिस ने त्वरित करवाई करते हुए शाहबाज को गिरफ्तार कर लिया पुलिस ने शाहबाज से पूछताछ की तो उसने हत्या में अपनी संलिप्तता कबूल कर ली और अपने सभी साथियों के नाम भी बता दिए। जिसके बाद छापेमारी कर बाकी तीन अपराधियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
शंभु राम की हत्याकांड का भी खुलासा:
गिरफ्तार अपराधियों ने एक साल पहले डोरंडा इलाके में ही शंभू राम नाम के व्यक्ति की हत्या की थी। एक साल से पुलिस इस हत्याकांड की गुत्थी को सुलझाने में लगी हुई थी। जब सभी अपराधियों से पूछताछ हुई तो उन्होंने कबूल किया कि शंभू राम को भी उन्होंने ही मारा था।



