Deoghar: जिले की कुंडा पुलिस ने महेन्द्र यादव हत्याकांड के दो मुख्य आरोपी को हिरासत में लिया है। दोनों आरोपी को जमशेदपुर से दबोचे जाने की बात बतायी जाती है। हांलाकि पुलिस इस मामले में कुछ भी बताने से इंकार किया है।

सूत्रों कि माने तो दोनों आरोपी नगर थाना इलाके के कालीरखा के आसपास का रहने वाला है। बताया जाता है कि दोनों महेन्द्र की हत्या के बाद से ही फरार चल रहे थे। पिछले दो माह से पुलिस दोनों को तलाश रही थी। बताते चलें की इस मामले में अबतक कुंडा पुलिस आधा दर्जन से अधिक आरोपी को जेल भेज चुकी है
दिपावली के दिन हुई थी महेन्द्र की हत्या

दिपावली के दिन सरे शाम कुंडा थाना क्षेत्र मे स्थित देवघर- सारठ मुख्य मार्ग पर दुधनिया निवासी महेन्द्र यादव की हत्या जमीन विवाद मे गोली मारकर कर दी थी। महेन्द्र को छाती के नीचे बांए तरफ दो गोली, पीठ के पंजरा में दो गोली और बांये हाथ के केहुनी में दो गोली मारी गयी थी। पुलिस ने घटनास्थल से पांच गोली का खोखा भी बरामद किया था। बताते चलें कि महेंद्र अपने श्रृंगार दुकान में दीपावली के मौके पर दीया जला रहा था। वह दुकान उसकी पत्नी चलाने का काम करती थी। इस दौरान बाइक से अपराधी वहां पहुंचे थे और ताबड़तोड़ उसपर फायरिंग कर दिया था घटना के बाद उसे त्वरित इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया गया। जहां इलाज के क्रम में उसकी मौत हो गई थी। मृतक महेंद्र यादव गणेश मार्केट स्थित एक दुकान में काम करता था। हर दिन वह साइकिल से आना-जाना करता था। महेन्द्र को मामा घर से दुधनिया रोड किनारे लगभग 20 कट्ठा जमीन मिला था। उक्त जमीन पर भू माफिया की नजर थी। उक्त जमीन को लेकर उसे कई बार धमकी भी मिला था। जिसे लेकर पूर्व में वह कुंडा थाने में शिकायत भी किया था। लेकिन कुंडा पुलिस इसे हल्के में लिया था। दिपावली की सरे शाम अपराधियों ने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी थी।



