Ranchi: मनरेगा घोटाले और मनी लांड्रिंग (MGNREGA scam and money laundering) के मामले में पिछले आठ महीने से जेल में बंद सीनियर आईएएस पूजा सिंघल (Senior IAS Pooja Singhal) इस साल बाहर नहीं आ सकेंगी। झारखंड हाईकोर्ट (Jharkhand High Court) में उनकी जमानत की अर्जी (bail application) पहले ही नामंजूर की जा चुकी है। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट में लगाई गई अर्जी पर सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान अदालत ने ईडी (Enforcement Directorate) को नोटिस जारी करते हुए 2 जनवरी 2023 को अगली तारीख मुकर्रर की है।

पूजा सिंघल ने खुद और अपनी पुत्री के खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए जमानत की गुहार लगाई है। सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान पूजा की ओर से उपस्थित अधिवक्ता ने अदालत से कहा कि उनकी बेटी की तबीयत अच्छी नहीं है। वह स्पीच सिंड्रोम से पीड़ित है। खुद पूजा सिंघल भी कई बीमारियों से पीड़ित हैं और न्यायिक हिरासत में उनका इलाज रिम्स में भी हुआ है। जस्टिस अभय एस ओका की अदालत ने इसपर पूजा सिंघल के स्वास्थ्य की जांच का निर्देश दिया।

इधर ईडी ने पिछले दिनों पूजा सिंघल की 82.77 करोड़ की संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई का विवरण झारखंड सरकार को भेजा है। ईडी ने सरकार से कहा है कि उनके खिलाफ भ्रष्टाचार और आय से अधिक संपत्ति के मामले में एफआईआर दर्ज कराई जानी चाहिए। उनसे आय से अधिक संपत्ति का स्रोत पूछा जाना चाहिए। माना जा रहा है कि ईडी की रिपोर्ट के आधार पर राज्य सरकार निलंबित आईएएस पूजा सिंघल के खिलाफ अलग से एफआईआर दर्ज करा सकती है और उनके खिलाफ आगे की दंडात्मक कार्यवाही की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
बता दें कि पूजा सिंघल पर मनरेगा घोटाले के जिस मामले में ईडी ने कार्रवाई की है, वह झारखंड के खूंटी जिले का है। पूजा सिंघल खूंटी के उपायुक्त के रूप में 16 फरवरी 2009 से 19 जुलाई 2010 तक पोस्टेड थीं। इसी दौरान 18.06 लाख का घोटाला हुआ था। आरोप है कि मनरेगा की योजनाओं में काम कराए बगैर ही राशि की निकासी कर ली गई थी। इसके अलावा कमीशन के तौर पर भी मोटी रकम की उगाही हुई थी। घोटाला सामने आने पर झारखंड सरकार ने इसकी जांच शुरू कराई थी, लेकिन बाद में सिंघल को इसमें क्लीन चिट दे दी गई थी। उस वक्त राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास थे।
इधर, ईडी ने घोटाले से अर्जित रकम की मनीलॉन्ड्रिंग के बिंदु पर जांच की तो पाया कि खूंटी, चतरा और पलामू में उपायुक्त के पद पर रहते हुए पूजा सिंघल के बैंक अकाउंट्स में उनके वेतन से 1.43 करोड़ रुपए ज्यादा की राशि जमा हुई है। ईडी ने बीते 6 मई को पूजा सिंघल, उनके पति अभिषेक झा, उनके सीए सुमन कुमार के 20 से ज्यादा ठिकानों पर छापामारी कर उनकी संपत्तियों और लेन-देन के कई दस्तावेज बरामद किए थे। इस मामले में 11 मई को पूजा सिंघल को गिरफ्तार कर लिया गया था। तभी से वह लगातार जेल में बंद हैं।



