
भिवानी
आज के समय में जब लोग रूपयों के लालच में आकर अपनों का खून बहा देते है, वही दूसरी तरफ सिवानी मंडी तहसील के गांव लीलस की बिरमा देवी ने अपनी पूरी जायदात गौशाला को दान देकर एक अनूठी मिसाल पेश की हैं। बिरमा देवी ने अपनी करीबन आठ एकड़ जमीन गौशाला को दान दी हैं, जिसकी कीमत करीबन डेढ़ करोड़ रूपये आंकी जा रही हैं। बिरमा देवी ने अपनी जमीन गौशाला के नाम नायब तहसीलदार के समक्ष करवाई।

बता दे कि बिरमा देवी की स्वयं की कोई संतान नहीं है तथा उन्होंने अपने नाम जमीन अपने परिजनों को देने बजाए गौशाला को देने की सोची। जिसके चलते बिरमा देवी ने अपनी जमीन गौशाला के नाम नायब तहसीलदार के समक्ष करवाई। जय हिंद युवा क्लब के मीडिया प्रभारी सुशील ज्याणी ने बताया कि इससे पहले भी बिरमा देवी गांव के ही सरकारी स्कूल में अपने पति भागीरथ की याद में दो भवनों का निर्माण करवा चुकी हैं और समय-समय पर गौशाला हेतू, गांव के लिए व अन्य दान पुण्य के कार्यों में आगे रहती हैं और भरपूर सहयोग प्रदान करती हैं उनके पति भागीरथ ज्याणी की 10 वर्ष पूर्व ही मौत हो चुकी हैं।ग्रामीणों ने बर्मा देवी किस कार्य की जमकर सराहना की है। ग्रामीणों का कहना है कि विरमा देवी ने इस उम्र में भी इस प्रकार का दान करके एक अनोखी मिसाल कायम की है जो कि समाज के लिए एक प्रेरणा है।

ग्रामीणों ने कहा कि आज के समय में हर व्यक्ति एक इंच भूमि के लिए लड़ाई करने को तैयार है, वही विरमा देवी ने भूमि दान में दे करके एक सराहनीय कार्य किया है। ग्रामीणों का कहना है कि अनबोल जीवों के लिए इससे बड़ा कोई दान नहीं हो सकता है । वैसे तो हर किसी को दान पुण्य के कार्यों में आगे आना चाहिए और दान करना चाहिए लेकिन बिरमा देवी का दान हर समय याद रखा जाएगा।


