
Deoghar: देवघर जिले के मोहनपुर थाना इलाके के सिकटिया गांव में शनिवार की दोपहर को एक गहरे तालाब में डूबे 12 वर्षीय सीता कुमारी के शव को करीब 22 घंटे बाद बाहर निकाला गया।

एनडीआरएफ टीम के आने का इंतजार ग्रामीणों ने 22 घंटे तक किया। लेकिन जब टीम नहीं पहुंची तो गांव के युवाओं ने तालाब से शव को निकालने का निर्णय लिया और कड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार युवाओं ने शव को गहरे पानी निकाल लिया।

शव बाहर निकालने के उपरांत मोहनपुर थाना पुलिस वहां पहुंची और शव को कब्जे मेें लेकर पोस्टमार्टम के लिये सदर अस्पताल भेज दिया।
बताते चलें कि बीते शनिवार को दोपहर करीब एक बजे सीता अपने दो तीन दोस्तों के साथ कपड़ा साफ करने तालाब में गयी थी। उसी दौरान उसका पैर फिसल गया और गहरे पानी में डूब गई। उसके साथ आये बच्चियों ने इसकी जानकारी घरवालों को दिया। जानकारी मिलते ही काफी संख्या में लोग घटनास्थल पर पहुंच गये। उपरांत इसकी जानकारी मोहनपुर पुलिस को दी गयी। मोहनपुर पुलिस द्वारा शव को निकालने के लिए एनडीआरएफ को जानकारी दिया गया।
शनिवार को देर शाम को एनडीआरएफ को सूचना दी गई लेकिन रविवार की सुबह तक टीम नहीं पहुंची। आखिरकार टीम के आने के इंतजार कर रहे गांव के युवा नंद देव तांती, रमेश तांती, गणेश तांती के सब्र का बांध टूट गया और तीनों ने तालाब से शव को बाहर निकालने का फैसला कर लिया। तीनों मिलकर तालाब में लगभग दो घंटे तक खोज करने के बाद शव को बाहर निकालने में सफल रहे।
युवाओं के साहसिक कदम की ग्रामीणों ने जमकर तारीफ की तो दूसरी तरफ एनडीआरएफ के नहीं पहुंचने पर आक्रोश भी व्यक्त किया। इधर , घटना से गांव में मातम का माहौल बना रहा।


