
नई दिल्ली: इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर पतंजलि के मालिक बाबा रामदेव के खिलाफ देशद्रोह का केस चलाने की मांग की है। पत्र में IMA ने बाबा रामदेव पर भ्रामक सूचनाएं फैलाने का आरोप लगाया है। पत्र में मांग की गई है कि रामदेव ऐसे गलत सूचनाओं वाले अभियान को रोकें।

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री मोदी के नाम लिखे अपने पत्र में कहा कि आईएमए लगातार 18 वर्ष से आयु वर्ग के लोगों का टीकाकरण करने के लिए आपकी प्रतिबद्धता को लेकर संदेश दे रहा है। भारत सरकार और मॉर्डन मेडिकल हेल्थ केयर पेशेवरों के चलते आज भारत में करीब 20 करोड़ लोगों का टीकाकरण किया जा चुका है, जो कि दुनिया का सबसे तेज टीकाकरण है। हम भारत में ही वैक्सीन बनाने और अन्य देशों के टीकों को भारत में इस्तेमाल करने की इजाजत देने की पहल के लिए भी आपके शुक्रगुजार हैं।

आईएमए ने लिखा कि यह राहत की बात है कि जिन लोगों ने वैक्सीन की दोनों खुराकें ले ली हैं उनमें से सिर्फ 0.06 फीसदी में ही कोरोनावायरस के चलते बहुत हल्का संक्रमण देखने को मिला और बहुत ही कम लोगों को फेफड़ों में गंभीर संक्रमण हुआ। पत्र में आगे लिखा गया कि यह बात बखूबी साबित हो गई है कि वैक्सीन से हमारे लोगों की जान बच सकती है और देश में गंभीर संक्रमण के मामलों में कमी आ सकती है।
बता दें कि एक वीडियो में बाबा रामदेव कथित तौर पर कहते नजर आ रहे हैं कि वैक्सीन के दोनों डोज लेने के बाद भी 10 हजार डॉक्टर और लाखों लोग मारे गए हैं। साथ ही इसी विडिओ में स्वामी रामदेव द्वारा एलोपैथी पद्धति का मज़ाक भी उड़ाया गया है। IMA बाबा रामदेव के इसी बयान का विरोध कर रही है।


