
कानपुर: देश के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के आने पर रोके गए ट्रैफिक में फंसकर महिला उद्यमी आईआईए की अध्यक्ष वंदना मिश्रा की मौत पर पुलिस कमिश्नर असीम अरुण ने उनके घर जाकर माफी मांगी। साथ ही अपने ट्विटर एकाउंट पर भी लिखा कि अब दोबारा से ऐसी गलती नहीं होगी। मीडिया से खबर मिलने पर जब राष्ट्रपति को जानकारी हुई तो उन्होंने खेद व्यक्त किया और जिलाधिकारी से फौरन बात की।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद चार दिवसीय यात्रा पर शुक्रवार को कानपुर शहर आये। उनकी यात्रा के दौरान देर शाम किदवई नगर के ब्लाक निवासी महिला उद्यमी वंदना मिश्रा की दोबारा अचानक तबीयत खराब हो गयी और परिजन कार से रीजेंसी अस्पताल ला रहे थे। रीजेंसी अस्पताल से पहले जब उनकी कार गोविन्दपुरी पुल पर पहुंची तो राष्ट्रपति के शहर आगमन पर यातायात रोक दिया गया। पति शरद मिश्रा ने बताया कि ड्यूटी में तैनात पुलिसकर्मियों से बहुत मिन्नतें की गईं पर किसी ने कोई सुनवाई नहीं की।

उन्होंने बताया कि इस दौरान बराबर वंदना उल्टियां करती रहीं और जब करीब एक घंटे बाद यातायात चालू हुआ तो अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पहले वह कोरोना संक्रमित हो चुकी थीं और बाद में उनकी रिपोर्ट निगेटिव आ गई थी, लेकिन उनकी सेहत लगातार गिरती जा रही थी। इस पर शुक्रवार को ही रीजेंसी अस्पताल में डाक्टरों को दिखाया था और जब दोबारा फिर तबीयत खराब हुई तो फिर से कार से रीजेंसी अस्पताल आ रहे थे।
राष्ट्रपति ने व्यक्त किया खेद, पुलिस कमिश्नर ने मांगी माफी
महिला उद्यमी वंदना मिश्रा की मौत की खबर शनिवार सुबह समाचार पत्रों में जब महामहिम की पत्नी सविता कोविंद को हुई तो उन्होंने फौरन जानकारी राष्ट्रपति को दी। राष्ट्रपति ने तत्काल जिलाधिकारी आलोक तिवारी को बुलाकर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि वंदना के घर जाकर परिजनों को ढांढस बंधाया जाये। इस पर जिलाधिकारी और पुलिस कमिश्नर असीम अरुण पुलिस अधिकारियों के साथ शरद मिश्रा के घर पहुंचे और राष्ट्रपति का शोक संदेश पहुंचाया। पुलिस कमिश्नर ने माफी मांगते हुए कहा कि इसकी क्षतिपूर्ति तो नहीं हो सकती है, लेकिन हमारी कोशिश होगी कि ऐसी घटना की पुनरावृत्ति न हो। यही नहीं पुलिस कमिश्नर ने अधिकृत ट्विटर अकाउंट पर माफी भी मांगी।
उन्होंने लिखा, आईआईए की अध्यक्ष बहन वंदना मिश्रा जी के निधन के लिए कानपुर नगर पुलिस और व्यक्तिगत रुप से मैं क्षमा का प्रार्थी हूं। भविष्य के लिए यह बड़ा सबक है। हम प्रण करते हैं कि हमारी रुट व्यवस्था ऐसी होगी कि न्यूनतम समय के लिए नागरिकों को रोका जाए ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना हो। राष्ट्रपति पत्नी संग सर्किट हाउस में ठहरे हुए हैं और शहर के चुनिंदा लोगों व पुराने दोस्तों से शनिवार को मिल रहे हैं।


