Deoghar: बिहार के बेगूसराय के पोखरिया मोहल्ला निवासी 60 वर्षीय पशुराम सिंह की मौत को लेकर उनके परिजनों ने सदर अस्पताल में हो हंगामा मचाया। स्वजनों ने इलाज में कोताही बरतने और समय पर ऑक्सीजन मुहैया नहीं कराने का आरोप लगाया। स्वजनों के हो-हंगामे से अस्पताल का माहौल तनावपूर्ण हो गया। काफी देर तक हो हंगामा होता रहा। आक्रोशित लोगों को काफी समझाने-बुझाने का प्रयास किया गया लेकिन कोई कुछ सुनने को तैयार नहीं था। इस दौरान स्वास्थ्यकर्मियों के साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया। लगभग एक घंटे तक हो-हंगामे का दौर चलता रहा।

स्वजनों का कहना था कि अगर सही समय पर बेहतर इलाज किया गया होता तो उनके मरीज की जान बचाई जा सकती थी लेकिन ऐसा नहीं किया गया। माहौल बिगड़ता देख अस्पताल प्रबंधन ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। बैद्यनाथधाम ओपी प्रभारी एसआइ विनोद सिंह सहित नगर थाना की पुलिस अस्पताल पहुंची। पुलिस पदाधिकारियों ने समझा-बुझाकर लोगों को शांत कराया।

बताया जाता है कि पशुराम सिंह पांच लोगों के साथ पूजा करने शनिवार सुबह निजी वाहन से देवघर पहुंचे थे। बाबा मंदिर में पूजा करने के बाद सभी लोग मंदिर के पास ही एक होटल नाश्ता करने चले गए। वहीं उनके सिने में अचानक दर्द की शिकायत होने लगी। साथ आए लोगों ने आनन-फानन में उन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल ले आए। यहां डूयटी पर तैनात चिकित्सक ने जांच के उपरांत भर्ती कर लिया। उन्हें जेनरल वार्ड ले जाया गया। जहां बेड पर लिटाकर स्लाईन लगाने की प्रक्रिया अपनाई ही जा रही थी कि इसी क्रम में उनकी मौत हो गई। इसके बाद स्वजनों ने हो-हंगामा मचाना शुरू कर दिया।
क्या कहते हैं डीएस
उपाधीक्षक सदर अस्पताल डा. प्रभात रंजन ने कहा कि सीने में दर्द की शिकायत होने पर मरीज को अस्पताल लाया गया था। यहां मरीज का समुचित उपचार किया गया। भर्ती करने के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत ह्दयघात होने की वजह से हुई है। इलाज में किसी तरह की कोताही नहीं बरती गई है।



