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गिरिडीह जिला में सुखाड़ की काली छाया,प्रशासन ने सुखाड़ से निपटने के लिए मांगे 250 करोड़ रुपये

Reported by: आशुतोष श्रीवास्तव 

गिरिडीह।

जिला प्रशासन ने सम्पूर्ण गिरिडीह जिला को  सुखाड़ क्षेत्र घोषित करने के लिए राज्य सरकार को पत्र लिखा है । जिला कृषि पदाधिकारी डी के पाण्डेय ने बताया कि जिले के सभी 13 प्रखंडों से 50 प्रतिशत से ज्यादा फसल की  क्षति हुई है। जिला प्रशासन ने 250 करोड़ रुपये केवल 6 प्रखंडों के लिए मांगा है।

राज्य सरकार ने जिले के 6 प्रखंड बगोदर, सरिया, डुमरी, पीरटांड़ ,तिसरी एवम गांवा को सुखाड़ इलाके घोषित किया है। इन 6 प्रखंडों के 45 हजार 2सौ 17 हेक्टेयर में धान की फसल बर्बाद हुई हैं। इन 6 प्रखंडों के  2 लाख 14 हजार 4 सौ 32 पेंशनर, लघु सीमांत किसानों, कृषक मजदूर वयस्क को  तीन माह तक 60 रुपये दिया जायेगा। इसी तरह एक लाख 96 हजार 9 सौ 18 आंगनबाड़ी और प्राइमरी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को तीन माह तक 40 रुपये दिया जायेगा। कृषि विभाग ने सरकार से 211 करोड़ रुपये की मांग की है। 

इधर जिला सहकारिता पदाधिकारी नीलम कुमारी ने बताया कि वर्ष 2018 में खरीफ फसल में 80, 325 किसानो का कृषि बीमा कराया गया था. जबकि गत वर्ष 81 हज़ार किसानो का बीमा कराया गया था. जिसमे 10 हज़ार किसानो के एवज में 1 करोड़ 46 लाख 64 हज़ार 952 रूपए आया था. जिसमे 10 हज़ार 569 किसानो को क्षत्रिपुर्ति राशि उनके खाता में भेजवा दिया है.

वही जिला पशुपालन पदाधिकारी दिलीप कुमार ने सुखाड़ प्रभावित6 प्रखंडों के 12 लाख36 हजार 8सौ 40 पशुओं के दो माह की चारा के लिए 7 करोड़ 42 लाख 10 हजार 4 सौ रुपये की मांग की है।

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